उदयपुर। ‘ऑपरेशन अंतः विस्फोट’ के तहत एएनटीएफ (ANTF) की टीम को एक बड़ी कामयाबी मिली है। टीम ने उदयपुर के मांडवा थाने के अंतर्गत आने वाली सामोली ग्राम पंचायत में करीब 50 बीघा जमीन पर पूरी तरह से अवैध रूप से की जा रही अफीम की खेती को पकड़ा और ध्वस्त किया है। एएनटीएफ लंबे समय से तस्करों की गतिविधियों पर नजर रखे हुए थी और जनवरी-फरवरी के महीने में तस्करों की बढ़ती हरकतों को देखते हुए इस इलाके में 7 से 8 दिनों तक सर्वेक्षण किया गया।
पहाड़ी और दुर्गम क्षेत्रों में किए गए इस सर्वे के बाद इस काली फसल का खुलासा हुआ। हालांकि, तस्करों को भनक लग गई थी, जिसके कारण उन्होंने 30 बीघा जमीन की अफीम की फसल पहले ही काट ली थी और उसके डोडे अलग कर लिए थे। फिर भी, एएनटीएफ को मौके पर 20 बीघा जमीन में लहलहाती हुई अफीम की फसल मिली।
एक अनौपचारिक अनुमान के अनुसार, पकड़ी गई अफीम (करीब 1000 से 1200 किलो) की कीमत 60 करोड़ रुपये है और इससे मिलने वाले करीब 200 क्विंटल डोडा चूरा की कीमत 30 से 35 करोड़ रुपये आंकी गई है। इस तरह यह कुल 100 करोड़ रुपये के मौत के काले कारोबार का भंडाफोड़ हुआ है। फिलहाल, उदयपुर की एएनटीएफ (ANTF) और एनसीबी (NCB) की टीम का हाल के दिनों की सबसे बड़ी कार्रवाइयों में से एक माना जा रहा है।
