बांसवाड़ा में करीब 5 पांच साल पहले रिश्वत लेते हुए पकड़े गए बीसीएमओ को अजमेर में सम्मानित किया गया। 26 जनवरी गणतंत्र दिवस पर अजमेर जिला स्तरीय कार्यक्रम पुलिस लाइन मैदान में कार्यक्रम आयोजित किया गया था। इसमें मंत्री सुरेश रावत की ओर से अजमेर ग्रामीण बीसीएमओ डॉ. जसवंत सिंह को सम्मानित किया गया था। जसवंत सिंह को सम्मान मिलने के बाद अब चर्चा का दौर शुरू हो गया है। बता दें कि वर्ष 2020 में डॉ. जसवंत सिंह को बांसवाड़ा में चिकित्सा अधिकारी के पद पर तैनात रहते हुए लैब टेक्नीशियन के साथ 9 हजार रुपए की रिश्वत लेते गिरफ्तार किया था। डॉ. जसवंत करीब डेढ़ वर्ष से अजमेर में कार्यरत हैं। वर्तमान में अजमेर ग्रामीण ब्लॉक चिकित्सा अधिकारी के पद पर कार्यरत हैं। जसवंत के अंडर में 7 पीएचसी आती हैं। यह था मामला वर्ष 2020 में बांसवाड़ा जिले में एसीबी की ओर से आदर्श प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र बस्सी आड़ा के प्रभारी डॉ. जसवंत सिंह और लैब टेक्नीशियन दिनेश मीणा को 9 हजार रुपए की रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार किया था। शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया था कि सफाई के कार्यों के बिलों को भुगतान और दो महीने का संतोषजनक प्रमाण पत्र नहीं देने की एवज में रुपए मांगे थे। दोनों ने एक महीने के 4500 रुपए के हिसाब से दो महीने के 9 हजार रिश्वत राशि मांगी थी। इसके बाद शिकायतकर्ता एसीबी के पास पहुंचा और कार्रवाई कर डॉक्टर जसवंत और लैब टेक्नीशियन को पकड़वाया था। डॉ. जसवंत सिंह का मामला अभी कोर्ट में चल रहा है।
