World Poetry Day: वल्र्ड कविता दिवस (World Poetry Day) के अवसर पर जब दुनिया कविता की संवेदनशीलता और शक्ति को याद कर रही है, ऐसे समय में शहर के प्रतिष्ठित कवि डॉ. अजय पाठक से बातचीत कविता के वर्तमान और भविष्य को समझने का अवसर देती है। उन्होंने स्पष्ट कहा कि कविता “मनुष्यता की मातृभाषा” है, जो हर युग में समाज की आवाज रही है और आगे भी रहेगी।
