उदयपुर। राजस्थान विधानसभा अध्यक्ष वासुदेव देवनानी ने उदयपुर बार एसोसिएशन के नवनिर्वाचित पदाधिकारियों के शपथ ग्रहण समारोह में कहा कि अधिवक्ता समाज का महत्वपूर्ण हिस्सा हैं। उन्होंने अधिवक्ताओं से अपील की कि वे अपने कार्य में संवेदनशीलता और ईमानदारी रखते हुए पीड़ित और जरूरतमंद लोगों को सस्ता और सुलभ न्याय दिलाने का प्रयास करें। उन्होंने जोर देकर कहा कि न्याय प्रणाली में जनता का विश्वास बनाए रखने में वकीलों की बड़ी भूमिका होती है।
समारोह को संबोधित करते हुए देवनानी ने भारतीय स्वतंत्रता संग्राम में वकीलों के योगदान को याद किया। उन्होंने बताया कि महात्मा गांधी, सरदार वल्लभभाई पटेल और लाला लाजपत राय जैसे महापुरुष पेशे से वकील थे और संविधान निर्माण में भी अधिवक्ताओं का अहम रोल रहा है। उन्होंने कहा कि आज भी समाज में न्याय की प्रतिष्ठा और सामाजिक संतुलन बनाए रखने के लिए वकील अत्यंत प्रासंगिक हैं।
विधानसभा अध्यक्ष ने अधिवक्ताओं को सीख दी कि उनका लक्ष्य केवल अपने मुवक्किल के लिए मुकदमा जीतना ही नहीं, बल्कि न्याय सुनिश्चित करना होना चाहिए। उन्होंने वरिष्ठ वकीलों से युवा अधिवक्ताओं को मार्गदर्शन देने और संस्कारित करने का आग्रह किया ताकि न्याय की गरिमा बनी रहे। साथ ही उन्होंने उल्लेख किया कि केंद्र सरकार द्वारा न्याय की देवी की आंखों से पट्टी हटाना, न्याय प्रणाली में पारदर्शिता और निष्पक्षता का प्रतीक है।
कार्यक्रम के दौरान बार एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने उदयपुर में हाईकोर्ट बेंच की मांग रखी। इस पर देवनानी ने आश्वासन दिया कि जब बार का प्रतिनिधिमंडल जयपुर आएगा, तो वे मुख्यमंत्री और कानून मंत्री से मुलाकात करवाने में सेतु (कड़ी) की भूमिका निभाएंगे और इस मांग के लिए अपनी ओर से भी पैरवी करेंगे। कार्यक्रम की अध्यक्षता जिला एवं सत्र न्यायाधीश ज्ञानप्रकाश गुप्ता ने की और इसमें शहर विधायक ताराचंद जैन, रामचंद्रसिंह झाला व प्रवीण खण्डेलवाल भी शामिल हुए।
