MP News: हाईकोर्ट की एकल पीठ ने मध्यप्रदेश के विभिन्न सरकारी स्वायत्त कॉलेजों में कार्यरत अतिथि विद्वानों को बड़ा झटका दिया है। कोर्ट ने स्पष्ट किया है कि यदि सरकार किसी कॉलेज में नियमित सहायक प्राध्यापकों की नियुक्ति या स्थानांतरण करती है, तो वहां कार्यरत अतिथि विद्वानों को पद छोड़ना ही होगा। जस्टिस आशीष श्रोती की एकल पीठ ने सरकार की ‘पीएचएम कॉलेज ऑफ एक्सीलेंस’ नीति को छात्रों के हित में सही ठहराते हुए अतिथि विद्वानों की याचिकाओं को खारिज कर दिया है।
