शिक्षा विभाग ने वर्षों से पदोन्नति का इंतजार कर रहे 11,881 वरिष्ठ अध्यापकों (सैकंड ग्रेड) को डीपीसी के जरिए व्याख्याता पद पर पदोन्नत कर दिया है। 13 अप्रेल को इसे लेकर जोधपुर में बैठक हुई तथा 18 अप्रेल को विभिन्न विषयों के चयन आदेश भी जारी कर दिए गए हैं। विभाग भले ही इसे बड़ी उपलब्धि मान रहा हो, लेकिन इस भारी-भरकम प्रमोशन ने प्रदेश के सरकारी स्कूलों में नया संकट खड़ा कर दिया है।
