Mothers Milk Bank : बांसवाड़ा. कुपोषण खत्म के लिए तमाम सरकारी प्रयासों के बावजूद दक्षिणी राजस्थान की बहु-बेटियों पर एनीमिया (खून की कमी) का शिकंजा कसता जा रहा है। जन्म से ही यहां की बेटियों को मिला एनीमिया का दंश शादी के बाद भी नहीं मिट रहा है। हालत इतने अधिक चिंताजनक हो रहे हैं कि उनके शरीर में खून तो खून उनका ‘अमृत’ भी सूख रहा है। कुपोषण के चलते मां अपने नवजात शिशुओं को अपना दूध तक नहीं पिला पा रही हैं। बच्चों को पालने के लिए दूसरी मांओं के दूध का सहारा लेना पड़ रहा है।
